मुंबई इंडियंस ने विल जैक्स और विग्नेश पुथुर को बाहर करके मुजीब उर रहमान को खिलाया, जिसका खामियाजा टीम को गुजरात टाइटंस के खिलाफ भुगतना पड़ा। जानिए क्यों यह फैसला IPL 2025 में MI के लिए कारगर साबित नहीं हुआ।
मुंबई इंडियंस (MI) को आईपीएल 2025 में गुजरात टाइटंस (GT) के खिलाफ 36 रनों से हार का सामना करना पड़ा। यह उनकी लगातार दूसरी हार थी और इस हार के पीछे टीम मैनेजमेंट का एक बड़ा फैसला सामने आया है। MI ने मैच के लिए विल जैक्स और विग्नेश पुथुर को बाहर कर मुजीब उर रहमान को प्लेइंग इलेवन में शामिल किया। लेकिन यह फैसला टीम के लिए फायदेमंद साबित नहीं हुआ और कई क्रिकेट विशेषज्ञों का मानना है कि यह टीम के लिए एक बड़ी रणनीतिक गलती थी।
मुजीब की जगह जैक्स को खिलाना चाहिए था, क्यों?
मुंबई इंडियंस ने विल जैक्स को प्लेइंग इलेवन से बाहर करके अफगानिस्तान के स्पिनर मुजीब उर रहमान को मौका दिया। लेकिन मुजीब का प्रदर्शन निराशाजनक रहा। उन्होंने सिर्फ 2 ओवर ही गेंदबाजी की और इसमें 28 रन देकर 1 विकेट लिया। इसके बाद उन्हें गेंदबाजी से हटा दिया गया। वे रन चेज के दौरान बल्लेबाजी करने भी नहीं आए।
यहीं पर विल जैक्स टीम के लिए महत्वपूर्ण साबित हो सकते थे। वे न सिर्फ गेंदबाजी में मुजीब जितना ही प्रभाव डाल सकते थे, बल्कि बल्लेबाजी में भी टीम के लिए अहम योगदान दे सकते थे। यह बात ध्यान देने योग्य है कि अहमदाबाद उसी वेन्यू पर जैक्स ने 2024 में इसी गुजरात टाइटंस के खिलाफ आईपीएल का पांचवां सबसे तेज शतक जड़ा था।
जब मुंबई का टॉप ऑर्डर रोहित शर्मा और रिकलटन की जोड़ी फ्लॉप हो गई और सेट हो रहे तिलक वर्मा और सूर्यकुमार यादव भी आउट हो गए, तब इंग्लैंड के बल्लेबाज जैक्स रन चेज में नीचे आकर महत्वपूर्ण योगदान दे सकते थे। निश्चित रूप से, MI ने जैक्स को ड्रॉप करके एक बड़ी गलती की।
पुथुर को भी मिलना चाहिए था मौका
MI की प्लेइंग इलेवन से एक और महत्वपूर्ण खिलाड़ी विग्नेश पुथुर को भी बाहर किया गया था। केरल के इस स्पिनर ने अपने आईपीएल डेब्यू पर चेन्नई में 3 विकेट लेकर सफलता हासिल की थी। अहमदाबाद में मैच काली मिट्टी की पिच पर खेला जा रहा था, जहां स्पिनर अच्छा प्रभाव डाल सकते थे।
हालांकि, शनिवार को इस वेन्यू पर तेज गेंदबाजों को अधिक सफलता मिली, लेकिन पुथुर MI के लिए सरप्राइज एलिमेंट बन सकते थे। उनकी जगह टीम ने मुजीब को चुना, जो एक अनुभवी स्पिनर हैं, लेकिन इस मैच में प्रभावशाली साबित नहीं हो सके।
MI की बल्लेबाजी का पतन
MI ने अपने फैसलों का खामियाजा रन चेज के दौरान भुगतना पड़ा। टीम ने GT के दिए गए 183 रनों के लक्ष्य का पीछा करते हुए सिर्फ 147 रन ही बना पाई। टॉप ऑर्डर का पतन देखते हुए, मिडिल ऑर्डर में अतिरिक्त बल्लेबाजी क्षमता की कमी स्पष्ट रूप से नजर आई।
तिलक वर्मा (42) और सूर्यकुमार यादव (31) ने एक अच्छी साझेदारी की, लेकिन उनके आउट होने के बाद टीम बिखर गई। यहीं पर विल जैक्स जैसे बल्लेबाज की कमी महसूस की गई, जो अपनी आक्रामक बल्लेबाजी से मैच का रुख बदल सकते थे।
क्या सीखेगी मुंबई इंडियंस?
इस हार के बाद मुंबई इंडियंस को अपनी टीम कॉम्बिनेशन पर फिर से विचार करना होगा। रोहित शर्मा और हार्दिक पंड्या जैसे अनुभवी खिलाड़ियों के साथ, टीम को सुनिश्चित करना होगा कि वे सही प्लेइंग इलेवन का चयन करें।
विल जैक्स और विग्नेश पुथुर जैसे खिलाड़ियों को बाहर करने का फैसला इस मैच में गलत साबित हुआ। अगले मैच में टीम को अपने विकल्पों पर बेहतर विचार करने की जरूरत है। MI का अगला मैच राजस्थान रॉयल्स के खिलाफ 3 अप्रैल को है, और इस मैच में उनकी टीम चयन पर सभी की नजरें होंगी।
यह सीजन अभी भी शुरुआती दौर में है, और मुंबई इंडियंस के पास अपनी गलतियों से सीखने और वापसी करने का पर्याप्त समय है। लेकिन ऐसी रणनीतिक गलतियां आगे चलकर टीम को भारी पड़ सकती हैं।